Correct Answer:
Option A - तार की कम लम्बाई का उपयोग ट्री सिस्टम वायरिंग का सही लाभ है।
ट्री सिस्टम (Tree system)- इस प्रणाली में किसी वृक्ष की शाखाओं तथा उपशाखाओ की भाँति ही मेन लाइन से विभिन्न उप परिपथ तैयार किये जाते है, इस प्रणाली में वायरिंग दो विधियो का प्रयोग करके स्थापित किये जाते है।
1. जोड़ विधि (Joint Method)
2. कनेक्टर विधि (Connector method)
A. तार की कम लम्बाई का उपयोग ट्री सिस्टम वायरिंग का सही लाभ है।
ट्री सिस्टम (Tree system)- इस प्रणाली में किसी वृक्ष की शाखाओं तथा उपशाखाओ की भाँति ही मेन लाइन से विभिन्न उप परिपथ तैयार किये जाते है, इस प्रणाली में वायरिंग दो विधियो का प्रयोग करके स्थापित किये जाते है।
1. जोड़ विधि (Joint Method)
2. कनेक्टर विधि (Connector method)