Explanations:
एरिक एरिकसन के अनुसार:-‘किशोरावस्था 12 वर्ष से लगभग 20 वर्ष तक होती हैै इस अवस्था में किशोरों में दो प्रकार के मनोसामाजिक पहलू विकसित होते हैै प्रथम है- पहचान नामक घनात्मक पहलू तथा द्वितीय है- (भूमिका) संक्रान्ति या पहचान संक्रान्ति नामक ऋणात्मक पहलु ।’’ इस प्रकार कहा जा सकता है कि किशोरावस्था को ‘‘पहचान संकट का काल’’ मनोवैज्ञानिक एरिक एरिकसन ने कहा था।