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Q: Which famous saint poet Ujjain in Madhya Pradest wrote 'Niti Shatakam' and'Vairagya Shatakam'? मध्य प्रदेश में उज्जैन के किस प्रसिद्ध संत कवि ने ‘नीतिशतक’ और ‘वैराग्यशतकम् लिखा था
  • A. Kabir/कबीर
  • B. Kalidasa/कालिदास
  • C. Bhartuhari/भर्तृहरि
  • D. Bhavabhuti/भवभूति
Correct Answer: Option C - मध्य प्रदेश में उज्जैन के भर्तृहरि कवि ने नीतिशतक और वैराग्य शतकम लिखा था। भर्तृहरि एक महान संस्कृत कवि थें। संस्कृत साहित्य के इतिहास में भर्तृहरि एक नीतिकार के रूप में प्रसिद्ध हैं। अनेक शतकत्रम (नीतिशतक, शृंगारशतक, वैराग्यशतक) की उपदेशात्मक कहानियां भारतीय जनमानस को विशेष रूप से प्रभावित करती हैं। प्रत्येक शतक में 100-100 श्लोक हैं। बाद में इन्होंने गोरखनाथ के शिष्य बनकर वैराग्य धारण कर लिया।
C. मध्य प्रदेश में उज्जैन के भर्तृहरि कवि ने नीतिशतक और वैराग्य शतकम लिखा था। भर्तृहरि एक महान संस्कृत कवि थें। संस्कृत साहित्य के इतिहास में भर्तृहरि एक नीतिकार के रूप में प्रसिद्ध हैं। अनेक शतकत्रम (नीतिशतक, शृंगारशतक, वैराग्यशतक) की उपदेशात्मक कहानियां भारतीय जनमानस को विशेष रूप से प्रभावित करती हैं। प्रत्येक शतक में 100-100 श्लोक हैं। बाद में इन्होंने गोरखनाथ के शिष्य बनकर वैराग्य धारण कर लिया।

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मध्य प्रदेश में उज्जैन के भर्तृहरि कवि ने नीतिशतक और वैराग्य शतकम लिखा था। भर्तृहरि एक महान संस्कृत कवि थें। संस्कृत साहित्य के इतिहास में भर्तृहरि एक नीतिकार के रूप में प्रसिद्ध हैं। अनेक शतकत्रम (नीतिशतक, शृंगारशतक, वैराग्यशतक) की उपदेशात्मक कहानियां भारतीय जनमानस को विशेष रूप से प्रभावित करती हैं। प्रत्येक शतक में 100-100 श्लोक हैं। बाद में इन्होंने गोरखनाथ के शिष्य बनकर वैराग्य धारण कर लिया।