search
Q: Where resin is used as resin in varnish, a suitable solvent will be :
  • A. turpentine /तारपीन
  • B. methylated spirit of wine वाइन की मिथाइलेटेड स्प्रिट
  • C. wood naptha/वुड नेफ्था
  • D. linseed oil/अलसी का तेल
Correct Answer: Option A - वार्निश (Varnish) - रेजिन पदार्थों को तारपीन, एल्कोहॉल या स्प्रिट में घोलकर बार्निश बनायी जाती है। रेजिन पदार्थों के रूप में लाख (Lac), गोंद, अम्बर, कोपल, चपड़ा (Shellac) या रॉल का प्रयोग किया जाता है। यह सतह पर पारदर्शी परत प्रदान करता है। ■ विभिन्न रेजिनी पदार्थों के लिए अलग-अलग विलायक प्रयोग किये जाते है। कोपल व अम्बर के लिए उबला हुआ अलसी का तेल, मास्टिक तथा डैमर गोंद के लिए तारपीन का तेल तथा लाख संदरक के लिए मैथिलेटिड स्प्रिट प्रयोग किया जाता है। ■ वार्निश में शोषक के रूप में लिथार्ज का प्रयोग किया जाता है।
A. वार्निश (Varnish) - रेजिन पदार्थों को तारपीन, एल्कोहॉल या स्प्रिट में घोलकर बार्निश बनायी जाती है। रेजिन पदार्थों के रूप में लाख (Lac), गोंद, अम्बर, कोपल, चपड़ा (Shellac) या रॉल का प्रयोग किया जाता है। यह सतह पर पारदर्शी परत प्रदान करता है। ■ विभिन्न रेजिनी पदार्थों के लिए अलग-अलग विलायक प्रयोग किये जाते है। कोपल व अम्बर के लिए उबला हुआ अलसी का तेल, मास्टिक तथा डैमर गोंद के लिए तारपीन का तेल तथा लाख संदरक के लिए मैथिलेटिड स्प्रिट प्रयोग किया जाता है। ■ वार्निश में शोषक के रूप में लिथार्ज का प्रयोग किया जाता है।

Explanations:

वार्निश (Varnish) - रेजिन पदार्थों को तारपीन, एल्कोहॉल या स्प्रिट में घोलकर बार्निश बनायी जाती है। रेजिन पदार्थों के रूप में लाख (Lac), गोंद, अम्बर, कोपल, चपड़ा (Shellac) या रॉल का प्रयोग किया जाता है। यह सतह पर पारदर्शी परत प्रदान करता है। ■ विभिन्न रेजिनी पदार्थों के लिए अलग-अलग विलायक प्रयोग किये जाते है। कोपल व अम्बर के लिए उबला हुआ अलसी का तेल, मास्टिक तथा डैमर गोंद के लिए तारपीन का तेल तथा लाख संदरक के लिए मैथिलेटिड स्प्रिट प्रयोग किया जाता है। ■ वार्निश में शोषक के रूप में लिथार्ज का प्रयोग किया जाता है।