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Q: कैरल गिलिगन ने कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना की है:
  • A. केस अध्ययन को अनुसंधान पद्धति के रूप में उपयोग करने के लिए।
  • B. सामाजिक संज्ञानात्मक दृष्टिकोण से।
  • C. नारीवादी दृष्टिकोण से।
  • D. आनुवांशिक कारकों को पर्याप्त महत्त्व न देने पर।
Correct Answer: Option C - कैरल गिलिगन ने कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना नारीवादी दृष्टिकोण से की है। कैरल गिलिगन कोहलबर्ग के शोध सहायकों में से एक थी। उनका मानना था कि कोहलबर्ग का सिद्धांत महिलाओं के खिलाफ स्वाभाविक रूप से पक्षपाती था। गिलिगन के अनुसार, कोहलबर्ग का अध्ययन मुख्य रूप से एक पुरुष नमूने पर आधारित है।
C. कैरल गिलिगन ने कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना नारीवादी दृष्टिकोण से की है। कैरल गिलिगन कोहलबर्ग के शोध सहायकों में से एक थी। उनका मानना था कि कोहलबर्ग का सिद्धांत महिलाओं के खिलाफ स्वाभाविक रूप से पक्षपाती था। गिलिगन के अनुसार, कोहलबर्ग का अध्ययन मुख्य रूप से एक पुरुष नमूने पर आधारित है।

Explanations:

कैरल गिलिगन ने कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना नारीवादी दृष्टिकोण से की है। कैरल गिलिगन कोहलबर्ग के शोध सहायकों में से एक थी। उनका मानना था कि कोहलबर्ग का सिद्धांत महिलाओं के खिलाफ स्वाभाविक रूप से पक्षपाती था। गिलिगन के अनुसार, कोहलबर्ग का अध्ययन मुख्य रूप से एक पुरुष नमूने पर आधारित है।