Correct Answer:
Option A - ‘कुआनो नदी’ सर्वेश्वर दयाल सक्सेना की कृति है। इनकी अन्य प्रसिद्ध कृतियाँ हैं- काठ की घंटियाँ, बाँस का पुल, एक सूनी नाव, गर्म हवाएँ, कुआनो नदी, जंगल का दर्द, खूँटियों पर टगे लोग, क्या कह कर पुकारूँ, कोई मेरे साथ चले, मेघ आये। ध्यातव्य हो कि सर्वेश्वर दयाल सक्सेना 1959 ई. में प्रकाशित तीसरा सप्तक के प्रमुख कवि हैं।
A. ‘कुआनो नदी’ सर्वेश्वर दयाल सक्सेना की कृति है। इनकी अन्य प्रसिद्ध कृतियाँ हैं- काठ की घंटियाँ, बाँस का पुल, एक सूनी नाव, गर्म हवाएँ, कुआनो नदी, जंगल का दर्द, खूँटियों पर टगे लोग, क्या कह कर पुकारूँ, कोई मेरे साथ चले, मेघ आये। ध्यातव्य हो कि सर्वेश्वर दयाल सक्सेना 1959 ई. में प्रकाशित तीसरा सप्तक के प्रमुख कवि हैं।