Correct Answer:
Option D - वैयक्तिक भिन्नता से तात्पर्य है प्रत्येक व्यक्ति में जैविक, मानसिक, सांस्कृतिक संवेगात्मक अंतर पाया जाना। इसी अंतर के कारण व्यक्ति दूसरों से भिन्न होता है। वैयक्तिक भिन्नता के निम्न क्षेत्र हो सकते हैं–
शारीरिक, मानसिक, संवेगात्मक, रूचि, चरित्र, अधिगम क्षमता, अभिप्रेरणा आदि।
D. वैयक्तिक भिन्नता से तात्पर्य है प्रत्येक व्यक्ति में जैविक, मानसिक, सांस्कृतिक संवेगात्मक अंतर पाया जाना। इसी अंतर के कारण व्यक्ति दूसरों से भिन्न होता है। वैयक्तिक भिन्नता के निम्न क्षेत्र हो सकते हैं–
शारीरिक, मानसिक, संवेगात्मक, रूचि, चरित्र, अधिगम क्षमता, अभिप्रेरणा आदि।