Correct Answer:
Option A - रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) ने भारतीय वायु सेना के सुखोई-30 एमके-आई से लॉन्ग रेंज ग्लाइड बम (एलआरजीबी), 'गौरव' (GAURAV) का सफलतापूर्वक पहला परीक्षण किया. गौरव हवा से प्रक्षेपित किया जाने वाला एक हजार किलोग्राम वर्ग का ग्लाइड बम है, जो लंबी दूरी तक लक्ष्य को भेदने में सक्षम है. इसका परीक्षण ओडिशा के तट पर किया गया.
A. रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) ने भारतीय वायु सेना के सुखोई-30 एमके-आई से लॉन्ग रेंज ग्लाइड बम (एलआरजीबी), 'गौरव' (GAURAV) का सफलतापूर्वक पहला परीक्षण किया. गौरव हवा से प्रक्षेपित किया जाने वाला एक हजार किलोग्राम वर्ग का ग्लाइड बम है, जो लंबी दूरी तक लक्ष्य को भेदने में सक्षम है. इसका परीक्षण ओडिशा के तट पर किया गया.