Correct Answer:
Option D - नर्मदा नदी अमरकंटक पठार के पश्चिमी पार्श्व से लगभग 1057 मीटर की ऊँचाई से निकलती है। दक्षिण में सतपुड़ा और उत्तर में विंध्याचल श्रेणियों के मध्य यह भ्रंश घाटी में बहती हुई संगमरमर की चट्टानों में महाखड्ड और जबलपुर के निकट धुँआधार जल प्रपात का निर्माण करती है। लगभग 1312 किमी. दूरी तक बहने के बाद भड़ौच के दक्षिण में अरब सागर में मिलती है और 27 किमी. लम्बा ज्वारनदमुख बनाती है। नर्मदा एक ज्वारीय नदी है जो डेल्टा का निर्माण नहीं करती जबकि गंगा एवं कावेरी बंगाल की खाड़ी में डेल्टा का निर्माण करती है।
नोट– देश में कुल 14 नदी द्रोणियाँ हैं जिनका अपवाह क्षेत्र 20,000 वर्ग किमी. से अधिक है तथा 2000 से 20,000 वर्ग किमी. अपवाह क्षेत्र वाली कुल 44 नदी द्रोणियाँ हैं।
D. नर्मदा नदी अमरकंटक पठार के पश्चिमी पार्श्व से लगभग 1057 मीटर की ऊँचाई से निकलती है। दक्षिण में सतपुड़ा और उत्तर में विंध्याचल श्रेणियों के मध्य यह भ्रंश घाटी में बहती हुई संगमरमर की चट्टानों में महाखड्ड और जबलपुर के निकट धुँआधार जल प्रपात का निर्माण करती है। लगभग 1312 किमी. दूरी तक बहने के बाद भड़ौच के दक्षिण में अरब सागर में मिलती है और 27 किमी. लम्बा ज्वारनदमुख बनाती है। नर्मदा एक ज्वारीय नदी है जो डेल्टा का निर्माण नहीं करती जबकि गंगा एवं कावेरी बंगाल की खाड़ी में डेल्टा का निर्माण करती है।
नोट– देश में कुल 14 नदी द्रोणियाँ हैं जिनका अपवाह क्षेत्र 20,000 वर्ग किमी. से अधिक है तथा 2000 से 20,000 वर्ग किमी. अपवाह क्षेत्र वाली कुल 44 नदी द्रोणियाँ हैं।