Correct Answer:
Option A - ‘रॉकेट’ रेखीय संवेग संरक्षण के सिद्धान्त पर कार्य करता है। रेखीय संवेग संरक्षण न्यूटन के गति के तृतीय नियम (क्रिया-प्रतिक्रिया) पर आधारित है। न्यूटन के गति के तृतीय नियम के अंतर्गत किसी वस्तु या पिण्ड पर प्रत्येक क्रिया के बराबर परन्तु विपरीत दिशा में प्रतिक्रिया होती है।
A. ‘रॉकेट’ रेखीय संवेग संरक्षण के सिद्धान्त पर कार्य करता है। रेखीय संवेग संरक्षण न्यूटन के गति के तृतीय नियम (क्रिया-प्रतिक्रिया) पर आधारित है। न्यूटन के गति के तृतीय नियम के अंतर्गत किसी वस्तु या पिण्ड पर प्रत्येक क्रिया के बराबर परन्तु विपरीत दिशा में प्रतिक्रिया होती है।