Explanations:
रिजर्ब बैंक द्वारा वर्ष 1997 में वाई.वी. रेड्डी की अध्यक्षता में गठित मुद्रा की पूर्ति एवं विश्लेषण कार्यविधि ने अपनी रिपोर्ट 1918 में प्रस्तुत की जिसमें चार मौद्रिक समुच्चयों का संकलन प्रस्तुत किया गया था। इसमें M₁ सबसे अधिक तरल मुद्रा आपूर्ति माप है। जबकि M₃ को व्यापक मुद्रा, M₄ को सबसे कम तरल मुद्रा और M₀ को आधार मुद्रा के रूप में परिभाषित किया गया है।