Correct Answer:
Option D - प्रत्येक सर्वेक्षण रेखा के दो दिक्मान होते हैं जो दिक्मान रेखा की चलने की दिशा में ली जाती है, इसे अग्र दिक्मान (F.B) और जो उसके विपरीत दिशा में ली जाती है, वह पश्च दिक्मान (B.B) कहलाता है। किसी रेखा का अग्र दिक्मान (FB) तथा पश्च दिक्मान (B.B) का अन्तर सदैव 180º होता है।
B.B = F.B + 180º
यदि किसी रेखा का अग्र दिक्मान और पश्च दिक्मान का अन्तर 180º होता है, तो दोनों छोर के स्टेशन बिन्दु स्थानीय आकर्षण से मुक्त माने जाते हैं।
D. प्रत्येक सर्वेक्षण रेखा के दो दिक्मान होते हैं जो दिक्मान रेखा की चलने की दिशा में ली जाती है, इसे अग्र दिक्मान (F.B) और जो उसके विपरीत दिशा में ली जाती है, वह पश्च दिक्मान (B.B) कहलाता है। किसी रेखा का अग्र दिक्मान (FB) तथा पश्च दिक्मान (B.B) का अन्तर सदैव 180º होता है।
B.B = F.B + 180º
यदि किसी रेखा का अग्र दिक्मान और पश्च दिक्मान का अन्तर 180º होता है, तो दोनों छोर के स्टेशन बिन्दु स्थानीय आकर्षण से मुक्त माने जाते हैं।