Correct Answer:
Option C - 1959 में सतीश चंद्र की पुस्तक ‘‘पार्टीज एंड पॉलिटिक्स एट द मुगल कोर्ट’’ (1707–40)ई. का प्रकाशन हुआ। इसमें पहली बार मुगल साम्राज्य की प्रशासनिक संरचना का गंभीर अध्ययन करने का प्रयास किया गया। सतीश चन्द्र के अनुसार औरंगजेब के शासन के अंतिम वर्षों में मुगल प्रशासक मनसबदार, जागीरदार व्यवस्था को बनाए रखने में असफल सिद्ध हुए। जैसे ही यह व्यवस्था अव्यवस्थित होने लगी वैसे ही साम्राज्य का अंत अवश्यंभावी हो गया।
C. 1959 में सतीश चंद्र की पुस्तक ‘‘पार्टीज एंड पॉलिटिक्स एट द मुगल कोर्ट’’ (1707–40)ई. का प्रकाशन हुआ। इसमें पहली बार मुगल साम्राज्य की प्रशासनिक संरचना का गंभीर अध्ययन करने का प्रयास किया गया। सतीश चन्द्र के अनुसार औरंगजेब के शासन के अंतिम वर्षों में मुगल प्रशासक मनसबदार, जागीरदार व्यवस्था को बनाए रखने में असफल सिद्ध हुए। जैसे ही यह व्यवस्था अव्यवस्थित होने लगी वैसे ही साम्राज्य का अंत अवश्यंभावी हो गया।