Correct Answer:
Option B - व्याख्या : भरतमुनि के रस सूत्र की ‘भुक्तिवाद’ के आधार पर व्याख्या करने वाले आचार्य भट्ट नायक है। इन्होंने सर्वप्रथम दर्शक (सामाजिक) की महत्ता को स्वीकार किया। इनका दार्शनिक मत सांख्य दर्शन पर आधारित है।
B. व्याख्या : भरतमुनि के रस सूत्र की ‘भुक्तिवाद’ के आधार पर व्याख्या करने वाले आचार्य भट्ट नायक है। इन्होंने सर्वप्रथम दर्शक (सामाजिक) की महत्ता को स्वीकार किया। इनका दार्शनिक मत सांख्य दर्शन पर आधारित है।