Explanations:
भारत में मुगल व राजपूत लघु चित्रकला शैली बहुत सालों से विख्यात रही। उनके मुकाबले पहाड़ी चित्रकला शैली हाल ही में बहुचर्चित हुई। • सन् 1916 ई. में पहली बार आनन्द कुमार स्वामी ने पहाड़ी लघु चित्र शैली को राजपूत और मुगल चित्र शैली से अलग बताया। • पहाड़ी शैली का विकास 17वीं शताब्दी के बीच हुआ पहाड़ी लघु चित्रों को राजपूत के चित्र के नाम से जाना जाता है। • पहाड़ी शैली की सर्वप्रथम खोज ‘चाल्र्स मेटकॉफ’ ने की। • बसोहली शैली-पहाड़ी लोक कला एवं मुगल प्रविधि के सुखद मिलन के फलस्वरूप उत्पन्न हुई।