Correct Answer:
Option C - कंकाल के वे हिस्से, जो हड्डियों की तरह सख्त नहीं होते हैं और मोड़े जा सकते हैं, वे कार्टिलेज हैं। उपास्थि (Cartilage) का निर्माण कंकाली संयोजी उतकों से होता है। यह भी एक प्रकार का संयोजी उत्तक होता है। यह अर्द्ध ठोस पारदर्शक एवं लचीेले ग्लाइकोप्रोटीन से बने मैट्रिक्स से निर्मित होता है।
C. कंकाल के वे हिस्से, जो हड्डियों की तरह सख्त नहीं होते हैं और मोड़े जा सकते हैं, वे कार्टिलेज हैं। उपास्थि (Cartilage) का निर्माण कंकाली संयोजी उतकों से होता है। यह भी एक प्रकार का संयोजी उत्तक होता है। यह अर्द्ध ठोस पारदर्शक एवं लचीेले ग्लाइकोप्रोटीन से बने मैट्रिक्स से निर्मित होता है।