Correct Answer:
Option A - वैरिग्नॉन का प्रमेय (Varignon's Theorem)– इस प्रमेय के अनुसार, दो समतलीय बलों के, उनके तल में ही किसी बिन्दु पर, घूर्णों का बीजगणितीय योग, उनके परिणामी के उसी बिन्दु पर घूर्ण के बराबर होता है। इस प्रमेय का सत्यापन बलों की विभिन्न स्थितियों में किया जा सकता है।
1. दोनों बल एक बिन्दुगामी हैं।
2. दोनों बल समान्तर तथा सदृश हैं।
3. दोनों बल समान्तर तथा असदृश हैं।
A. वैरिग्नॉन का प्रमेय (Varignon's Theorem)– इस प्रमेय के अनुसार, दो समतलीय बलों के, उनके तल में ही किसी बिन्दु पर, घूर्णों का बीजगणितीय योग, उनके परिणामी के उसी बिन्दु पर घूर्ण के बराबर होता है। इस प्रमेय का सत्यापन बलों की विभिन्न स्थितियों में किया जा सकता है।
1. दोनों बल एक बिन्दुगामी हैं।
2. दोनों बल समान्तर तथा सदृश हैं।
3. दोनों बल समान्तर तथा असदृश हैं।