Correct Answer:
Option D - चार्ल्स डार्विन द्वारा मिट्टी की उर्वरता में केंचुए की भूमिका पर अध्ययन किया गया था। केंचुओं को किसानों का मित्र भी कहा जाता है। ये पेड़–पौधों के अवशेषों एवं कार्बनिक पदार्थों को खाकर छोटी–छोटी गोलियों के रूप में परिवर्तित कर देते हैं, जो पौधों के लिए खाद का काम करती हैं। केंचुआ कृषि योग्य–भूमि में प्रतिवर्ष 1 से 5 मिमी. मोटी सतह का निर्माण करते हैं। इससे भूमि की जल धारण क्षमता में वृद्धि होती हैं, तथा फसल के लिए मृदा जलवायु अनुकूल बनी रहती है।
D. चार्ल्स डार्विन द्वारा मिट्टी की उर्वरता में केंचुए की भूमिका पर अध्ययन किया गया था। केंचुओं को किसानों का मित्र भी कहा जाता है। ये पेड़–पौधों के अवशेषों एवं कार्बनिक पदार्थों को खाकर छोटी–छोटी गोलियों के रूप में परिवर्तित कर देते हैं, जो पौधों के लिए खाद का काम करती हैं। केंचुआ कृषि योग्य–भूमि में प्रतिवर्ष 1 से 5 मिमी. मोटी सतह का निर्माण करते हैं। इससे भूमि की जल धारण क्षमता में वृद्धि होती हैं, तथा फसल के लिए मृदा जलवायु अनुकूल बनी रहती है।