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Q: शिशुपालवध महाकाव्य के प्रथमसर्ग में प्रयुक्त छन्द है
  • A. वंशस्थ, पुष्पिताग्रा, शिखरिणी
  • B. वंशस्थ, पुष्पिताग्रा, मन्दाक्रान्ता
  • C. वंशस्थ, पुष्पिताग्रा, शार्दूलविक्रीडित
  • D. मन्दाक्रान्ता, पुष्पिताग्रा, शिखरिणी
Correct Answer: Option C - शिशुपालवध महाकाव्य के प्रथमसर्ग में प्रयुक्त छन्द वंशस्थ, पुष्पिताग्रा, शार्दूलविक्रीडित है। शिशुपालवध- नामक महाकाव्य के रचयिता महाकवि माघ है जिसमें 20 सर्ग, 1645 पद्य है। यह कथानक महाभारत के सभापर्व से लिया गया है, जिसमें युधिष्ठिर के यज्ञ में शिशुपाल के मारे जाने की कथा वर्णित है।
C. शिशुपालवध महाकाव्य के प्रथमसर्ग में प्रयुक्त छन्द वंशस्थ, पुष्पिताग्रा, शार्दूलविक्रीडित है। शिशुपालवध- नामक महाकाव्य के रचयिता महाकवि माघ है जिसमें 20 सर्ग, 1645 पद्य है। यह कथानक महाभारत के सभापर्व से लिया गया है, जिसमें युधिष्ठिर के यज्ञ में शिशुपाल के मारे जाने की कथा वर्णित है।

Explanations:

शिशुपालवध महाकाव्य के प्रथमसर्ग में प्रयुक्त छन्द वंशस्थ, पुष्पिताग्रा, शार्दूलविक्रीडित है। शिशुपालवध- नामक महाकाव्य के रचयिता महाकवि माघ है जिसमें 20 सर्ग, 1645 पद्य है। यह कथानक महाभारत के सभापर्व से लिया गया है, जिसमें युधिष्ठिर के यज्ञ में शिशुपाल के मारे जाने की कथा वर्णित है।