Correct Answer:
Option B - रवीन्द्रनाथ टैगोर ने जलियांवाला बाग हत्याकांड (13 अप्रैल, 1919) के विरोेध में अपनी नाइटहुड की उपाधि त्याग दी थी। इसके विरोध में ही जबलपुर के पं. विष्णुदत्त शुक्ल ने अपनी रायबहादुर की उपाधि त्याग दी थी। सरदार उधम सिंह ने 13 मार्च 1940 को जलियांवाला बाग हत्याकाण्ड के मुख्य गुनहगार जनरल डायर की हत्या कर दी, जिसके बाद जुलाई 1940 में उन्हें फांसी दे दी गई थी।
B. रवीन्द्रनाथ टैगोर ने जलियांवाला बाग हत्याकांड (13 अप्रैल, 1919) के विरोेध में अपनी नाइटहुड की उपाधि त्याग दी थी। इसके विरोध में ही जबलपुर के पं. विष्णुदत्त शुक्ल ने अपनी रायबहादुर की उपाधि त्याग दी थी। सरदार उधम सिंह ने 13 मार्च 1940 को जलियांवाला बाग हत्याकाण्ड के मुख्य गुनहगार जनरल डायर की हत्या कर दी, जिसके बाद जुलाई 1940 में उन्हें फांसी दे दी गई थी।