Correct Answer:
Option B - परासरण (Osmosis)- विलायक के अणुओं का अर्द्ध पारगम्य झिल्ली से होकर कम सांद्रता वाले विलयन की ओर चलना परासरण कहलाता है। अथवा जब दो भिन्न-भिन्न सांद्रता वाले विलयनों का किसी पारगम्य झिल्ली द्वारा अलग किया जाता है तो विलायक (जल) के अणु तनु विलयन से सांद्र विलयन की ओर गति करने लगते है। विलायक के अणुओं की गति ही परासरण कहलाती है।
B. परासरण (Osmosis)- विलायक के अणुओं का अर्द्ध पारगम्य झिल्ली से होकर कम सांद्रता वाले विलयन की ओर चलना परासरण कहलाता है। अथवा जब दो भिन्न-भिन्न सांद्रता वाले विलयनों का किसी पारगम्य झिल्ली द्वारा अलग किया जाता है तो विलायक (जल) के अणु तनु विलयन से सांद्र विलयन की ओर गति करने लगते है। विलायक के अणुओं की गति ही परासरण कहलाती है।