Correct Answer:
Option D - उक्त गद्यांश में शिक्षक एवं छात्र के बीच सम्बन्ध पर करारा व्यंग्य किया गया है। इसमें यह भी कहा गया है कि दास तो यह जान लेता है कि मालिक का अस्तित्व उसके अस्तित्व पर निर्भर है किन्तु छात्र अपनी इस वास्तविकता को कभी नहीं जान पाता कि वे भी शिक्षक को शिक्षित करते हैं।
D. उक्त गद्यांश में शिक्षक एवं छात्र के बीच सम्बन्ध पर करारा व्यंग्य किया गया है। इसमें यह भी कहा गया है कि दास तो यह जान लेता है कि मालिक का अस्तित्व उसके अस्तित्व पर निर्भर है किन्तु छात्र अपनी इस वास्तविकता को कभी नहीं जान पाता कि वे भी शिक्षक को शिक्षित करते हैं।