Explanations:
`शान्तितुल्यम्' इत्यस्मिन् प्रयोगे `उपमा' अलंकार :। `शान्तितुल्यम्' इस पद के प्रयोग में `उपमा' अलंकार है। उपमा अलंकार – साम्यं वाच्यमवैधर्म्यं वाक्यैक्य उपमा द्वयो:। उपमाया: चत्वारि अङ्गानि भवन्ति। 1. उपमेयम् 2. उपमानम् 3. साधारणधर्म 4. उपमानवाचक शब्द उपमाया: द्वौ भेदौ स्त:– 1.पूर्णोपमा 2. लुप्तोपमा। उदाहरण– मधुर: सुधावदधर: पल्लवतुल्योतिपेलव: पाणि:। चकितमृगलोचनाभ्यां सदृशी चपले च लोचने तस्या:।