Correct Answer:
Option E - ‘जो कवि लोकप्रिय होता है, उसका सम्मान सभी करते है।’
मिश्रित वाक्य का साधारण वाक्य उपर्युक्त विकल्पों में से कोई नहीं है। इसका साधारण वाक्य होगा-
‘लोकप्रिय कवि का सम्मान सभी करते हैं।’
वाक्य- वाक्य सार्थक शब्दों का समूह है, जिसमें कर्ता और क्रिया दोनों होते हैं। इसमें कर्ता उद्देश्य और क्रिया विधेय होता है।
वाक्य भेद: वाक्यों का वर्गीकरण मुख्यत: दो दृष्टियों से होता है-
(1) रचना या स्वरूप की दृष्टि से वाक्य तीन प्रकार के होते हैं।
(2) अर्थ की दृष्टि से वाक्य आठ प्रकार के होते हैं।
रचना की दृष्टि से :-
(1) सरल वाक्य:-
जिस वाक्य में एक क्रिया होता है और एक कर्ता होता है, उसे साधारण या सरल वाक्य कहते है। इसमें एक उद्देश्य और एक विधेय होता है। जैसे- पानी बरसा, विजली चमकती है।
(2) मिश्र वाक्य:-
जिस वाक्य में एक साधारण वाक्य के अतिरिक्त उसके अधीन कोई दूसरा अंगवाक्य हो, उसे मिश्र वाक्य कहते हैं। जैसे- वह कौन सा-मनुष्य है, जिसने महाप्रतापी राजा भोज का नाम न सुना हो’। मिश्र वाक्य के ‘मुख्य उद्देश्य’ और ‘मुख्य विधेय’ से जो वाक्य बनता है, उसे मुख्य उपवाक्य और दूसरे वाक्यों को आश्रित उपवाक्य कहते हैं।
(3) संयुक्त वाक्य:-
जिस वाक्य में साधारण अथवा मिश्र वाक्यों का मेल संयोजक अवयवों द्वारा होता है, उसे संयुक्त वाक्य कहते हैं। संयुक्त वाक्यों में प्रत्येक वाक्य अपनी स्वतंत्र सत्ता बनाये रखता है, वह एक दूसरे पर आश्रित नही होता है, केवल संयोजक अव्यय उन स्वतन्त्र वाक्यों को मिलाते हैं।
जैसे- ‘मैं रोटी खाकर लेटा कि पेट में दर्द होने लगा, और दर्द इतना बढ़ा कि तुरन्त डॉक्टर को बुलाना पड़ा।’
E. ‘जो कवि लोकप्रिय होता है, उसका सम्मान सभी करते है।’
मिश्रित वाक्य का साधारण वाक्य उपर्युक्त विकल्पों में से कोई नहीं है। इसका साधारण वाक्य होगा-
‘लोकप्रिय कवि का सम्मान सभी करते हैं।’
वाक्य- वाक्य सार्थक शब्दों का समूह है, जिसमें कर्ता और क्रिया दोनों होते हैं। इसमें कर्ता उद्देश्य और क्रिया विधेय होता है।
वाक्य भेद: वाक्यों का वर्गीकरण मुख्यत: दो दृष्टियों से होता है-
(1) रचना या स्वरूप की दृष्टि से वाक्य तीन प्रकार के होते हैं।
(2) अर्थ की दृष्टि से वाक्य आठ प्रकार के होते हैं।
रचना की दृष्टि से :-
(1) सरल वाक्य:-
जिस वाक्य में एक क्रिया होता है और एक कर्ता होता है, उसे साधारण या सरल वाक्य कहते है। इसमें एक उद्देश्य और एक विधेय होता है। जैसे- पानी बरसा, विजली चमकती है।
(2) मिश्र वाक्य:-
जिस वाक्य में एक साधारण वाक्य के अतिरिक्त उसके अधीन कोई दूसरा अंगवाक्य हो, उसे मिश्र वाक्य कहते हैं। जैसे- वह कौन सा-मनुष्य है, जिसने महाप्रतापी राजा भोज का नाम न सुना हो’। मिश्र वाक्य के ‘मुख्य उद्देश्य’ और ‘मुख्य विधेय’ से जो वाक्य बनता है, उसे मुख्य उपवाक्य और दूसरे वाक्यों को आश्रित उपवाक्य कहते हैं।
(3) संयुक्त वाक्य:-
जिस वाक्य में साधारण अथवा मिश्र वाक्यों का मेल संयोजक अवयवों द्वारा होता है, उसे संयुक्त वाक्य कहते हैं। संयुक्त वाक्यों में प्रत्येक वाक्य अपनी स्वतंत्र सत्ता बनाये रखता है, वह एक दूसरे पर आश्रित नही होता है, केवल संयोजक अव्यय उन स्वतन्त्र वाक्यों को मिलाते हैं।
जैसे- ‘मैं रोटी खाकर लेटा कि पेट में दर्द होने लगा, और दर्द इतना बढ़ा कि तुरन्त डॉक्टर को बुलाना पड़ा।’