Correct Answer:
Option B - साँप/सर्प, कछुए ओर गिरगिट का निकटतम संबंधी ‘छिपकली’ है क्योंकि साँप/सर्प, कछुआ, छिपकली तथा मगरमच्छ ‘सरीसृप’ श्रेणी में आते है । हर्पेटोलॉजी विज्ञान की वह शाखा है जिसके अन्तर्गत उभयचरों तथा सरीसृपों का अध्ययन किया जाता है।
सरीसृप वर्ग के जन्तुओं के प्रमुख लक्षण:-
(I) इनमें वास्तविक स्थलीय कशेरुकी जन्तु है। ये असमतापी जन्तु हैं
(II) इनमें दो जोड़ी पाद होते हैं।
(III) श्वसन फेफड़ों के द्वारा होता है।
(IV) कंकाल पूर्णत: अस्थिल होता है।
(V) इनके अण्डे कैल्शियम कार्बाेनेट की बनी कवच से ढँके रहते हैं।
(VI) ह्रदय सामान्यत: त्रिकक्षीय होता है, लेकिन मगरमच्छ का ह्रदय चारकक्षीय होता है।
B. साँप/सर्प, कछुए ओर गिरगिट का निकटतम संबंधी ‘छिपकली’ है क्योंकि साँप/सर्प, कछुआ, छिपकली तथा मगरमच्छ ‘सरीसृप’ श्रेणी में आते है । हर्पेटोलॉजी विज्ञान की वह शाखा है जिसके अन्तर्गत उभयचरों तथा सरीसृपों का अध्ययन किया जाता है।
सरीसृप वर्ग के जन्तुओं के प्रमुख लक्षण:-
(I) इनमें वास्तविक स्थलीय कशेरुकी जन्तु है। ये असमतापी जन्तु हैं
(II) इनमें दो जोड़ी पाद होते हैं।
(III) श्वसन फेफड़ों के द्वारा होता है।
(IV) कंकाल पूर्णत: अस्थिल होता है।
(V) इनके अण्डे कैल्शियम कार्बाेनेट की बनी कवच से ढँके रहते हैं।
(VI) ह्रदय सामान्यत: त्रिकक्षीय होता है, लेकिन मगरमच्छ का ह्रदय चारकक्षीय होता है।