Correct Answer:
Option A - जय प्रकाश नारायण ने अपने विचारों के प्रारंभिक चरण में मार्क्सवादी दर्शन की क्रांति से प्रभावित थे। यद्यपि इस चरण में उनके समाजवादी दर्शन में मुख्यत: मार्क्सवादी धारणाओं का प्रतिपादन हुआ तथा उन्हें मार्क्स का कट्टर अनुयायी कहा जा सकता है। समाजवाद की व्याख्या में उनकी स्वतन्त्रता की मौलिक अन्तरदृष्टि भी परिलक्षित होती है।
A. जय प्रकाश नारायण ने अपने विचारों के प्रारंभिक चरण में मार्क्सवादी दर्शन की क्रांति से प्रभावित थे। यद्यपि इस चरण में उनके समाजवादी दर्शन में मुख्यत: मार्क्सवादी धारणाओं का प्रतिपादन हुआ तथा उन्हें मार्क्स का कट्टर अनुयायी कहा जा सकता है। समाजवाद की व्याख्या में उनकी स्वतन्त्रता की मौलिक अन्तरदृष्टि भी परिलक्षित होती है।