निर्देश : नीचे दिये गये गद्यांश को पढ़कर पूछे गये प्रश्नों के उत्तर दीजिए। अपने प्रियजनों से रहित राज्य किस काम का? प्यारी मनुष्य–जाति का सुख ही जगत के मंगल का मूल साधन है। बिना उसके सुख के अन्य सारे उपाय निष्फल हैं। धन की पूजा से ऐश्वर्य, तेज, बल और पराक्रम नहीं प्राप्त होने का। चैतन्य आत्मा की पूजा से ही ये पदार्थ प्राप्त होते हैं। चैतन्य–पूजा ही से मनुष्य के कल्याण हो सकता है। समाज का पालन करने वाली दूध की धारा जब मनुष्य का प्रेममय हृदय, निष्कपट मन और मित्रतापूर्ण नेत्रों से निकलकर बहती है तब वही जगत में सुख के खेतों को हरा–भरा और प्रफुल्लित करती है और वही उनमें फल भी लगाती है। Q. ‘जगत’ का अर्थ है :
इनमें से सही क्या है?
मर्मरा सागर जोड़ता है
The difference between the largest and the smallest 5-digit numbers made of digits 2, 3, 5, 0 and 9 :
Which one of the following options gives the partial safety factors for DL and WL for limit. state of collapse when stability against. overturning is critical?
विशाल जनसंख्या वाले किसी भी देश में लगभग सभी निजी या सार्वजनिक मुद्दों में कानून और व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न करने की संभावना होती है। निम्नलिखित में से कौनसी स्थिति कानून और व्यवस्था की स्थिति में बदल नहीं सकती है?
ऑस्कर पुरस्कार पाने वाले पहले भारतीय निम्नलिखित में से कौन है?
अधोलिखितं गद्यांशं पठित्वा प्रश्नानां (9-15) विकल्पात्मकोत्तरेभ्य: उचिततमं उत्तरं चिनुत- उपवने विचरणं कुर्वन् राजकुमार: एकेन विषधरेण दंष्ट: अभूत। अचेतनं तं तस्य सहचरा: राज्ञे निवेदितवन्त:। सम्पूर्णे राजपरिवारे शोक: आच्छन्न:। एकमात्रं स: एव राज्ञ: प्रियतम: उत्तराधिकारी आसीत्। राजवैद्या: तस्य चिकित्सां अकुर्वन्। किन्तु सफलता नैव मिलिता। राजज्योतिषिणा तस्य दीर्घायुष्यं जन्मपत्रत: दृष्टवा एक: उपाय: यत् यदि काचित् सती साध्वी स्त्री राजकुमारं दष्ट-स्थाने स्पृशेत् तर्हि अयं स्वस्थ: भवेत्। राज्ञ: अनेकपत्न्य: आसन्। राजकुमारस्य जननी अपि तासु एका आसीत। सा प्रथमं तत: च क्रमश: सर्वा: अपि राज्ञ्य: राजकुमारं स्पृष्टवत्य:। किन्तु राजकुमारस्य चेतना नैव आयाता। अनेन राज्ञीनाम् असतीत्वम् अपि प्रकटितम् अभूत्। पुरस्कार- लोभेन राज्यस्य अन्याभि: अपि महिलाभि: चेष्टा कृता। किन्तु ता; अपि विफला: एवं अतिष्ठन्। अन्ते तेन एव राजज्योतिषिणा राजा निवेदित: यत् अधुना एव राज्य-सीमायाम् एका युवति: स्वस्य पत्या सह प्रविष्टा अस्ति। कदाचित् सा कार्यं साधयेत्। राजा एकाकी एव ताम् आनेतुं निर्गत: । ताम् उपेत्य स: अनुनयं विनयं कृत्वा राजभवनम् आनीतवान्। तस्या: स्पर्शमात्रेण राजकुमार: तत्क्षणम् एव सुप्तोत्थित: इव जागरित:। सर्वेषां हर्षेण मुख-कमलानि विकसितानि अजायन्त। विरक्त: राजा स्वीयं राज्यार्धं ताभ्यां दम्पतिभ्याम्, अवशिष्ट च आत्मजाय समर्प्य तप: तप्तुं वनं प्रस्थित: इति। अधोलिखितयो: तालिकयो: सम्यक् सम्मेलनं कुरुत - (क) (ख) (a) उपवनम् (अ) चिकित्सा (b) राजवैद्या: (ब) तप: (c) राज्ञ: (स) विचरणम् (d) वनम् (द) उत्तराधिकारी
National Institute for Research in T Health established by ICMR at आई.सी.एम.आर द्वारा स्थापित राष्ट्रीय जनजाति स्वास्थ्य अनुसंधान संस्थान ________ स्थित है ।
महापुराण के रचनाकार कौन है?
Explanations:
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