search
Q: कथन (A) : बच्चों के विकास के मार्ग व प्रगति का सटीकता से पूर्वानुमान नहीं लगाया जा सकता। तर्क (R) : आनुवंशिकता व पर्यावरणीय कारकों के अनूठा संयोजन बच्चों में अलग-अलग बदलाव का मार्ग तय करते हैं। सही विकल्प चुनें
  • A. (A) और (R) दोनों सही है और (R) सही व्याख्या करता है (A) की।
  • B. (A) और (R) दोनों सही लेकिन (R) सही व्याख्या नहीं है (A) की।
  • C. (A) सही है, लेकिन (R) गलत है।
  • D. (A) और (R) दोनों गलत हैं।
Correct Answer: Option A - बच्चों के विकास के मार्ग व प्रगति की सटीकता से पूर्वानुमान नहीं लगाया जा सकता क्योंकि आनुवंशिकता व पर्यावरणीय कारकों के अनूठा संयोजन बच्चों में अलग-अलग बदलाव का मार्ग तय करते हैं। बालक का विकास आनुवंशिकता तथा वातावरण की परस्पर अन्र्तक्रिया का परिणाम होता है। इसलिए बालकों के विकास की गति एवं दिशा भिन्न-भिन्न होती है अर्थात् प्रत्येक बालक अपनी गति एवं अपने ढंग से विभिन्न क्षेत्रों में अपनी वृद्धि व विकास करता है। यही कारण है कि आयु के समान होने पर भी बालक प्राय: परस्पर एक दूसरे से काफी भिन्न होते हैं। अत: (A) और (R) दोनो सही है और (R) सही व्याख्या करता है (A) की।
A. बच्चों के विकास के मार्ग व प्रगति की सटीकता से पूर्वानुमान नहीं लगाया जा सकता क्योंकि आनुवंशिकता व पर्यावरणीय कारकों के अनूठा संयोजन बच्चों में अलग-अलग बदलाव का मार्ग तय करते हैं। बालक का विकास आनुवंशिकता तथा वातावरण की परस्पर अन्र्तक्रिया का परिणाम होता है। इसलिए बालकों के विकास की गति एवं दिशा भिन्न-भिन्न होती है अर्थात् प्रत्येक बालक अपनी गति एवं अपने ढंग से विभिन्न क्षेत्रों में अपनी वृद्धि व विकास करता है। यही कारण है कि आयु के समान होने पर भी बालक प्राय: परस्पर एक दूसरे से काफी भिन्न होते हैं। अत: (A) और (R) दोनो सही है और (R) सही व्याख्या करता है (A) की।

Explanations:

बच्चों के विकास के मार्ग व प्रगति की सटीकता से पूर्वानुमान नहीं लगाया जा सकता क्योंकि आनुवंशिकता व पर्यावरणीय कारकों के अनूठा संयोजन बच्चों में अलग-अलग बदलाव का मार्ग तय करते हैं। बालक का विकास आनुवंशिकता तथा वातावरण की परस्पर अन्र्तक्रिया का परिणाम होता है। इसलिए बालकों के विकास की गति एवं दिशा भिन्न-भिन्न होती है अर्थात् प्रत्येक बालक अपनी गति एवं अपने ढंग से विभिन्न क्षेत्रों में अपनी वृद्धि व विकास करता है। यही कारण है कि आयु के समान होने पर भी बालक प्राय: परस्पर एक दूसरे से काफी भिन्न होते हैं। अत: (A) और (R) दोनो सही है और (R) सही व्याख्या करता है (A) की।