Correct Answer:
Option B - जिस संज्ञा में किसी भाव, दशा, धर्म या गुण का बोध होता है, उसे भाववाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे–उत्साह, ईमानदारी, बचपन आदि।
द्रव्य वाचक संज्ञा–जिस संज्ञा से किसी तरल, ठोस, अधातु, धातु, पदार्थ, द्रव्य आदि वस्तु का बोध हो, उसे द्रव्यवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे–ताँबा, पीतल, सोना, लोहा आदि।
जातिवाचक संज्ञा–जिस शब्द से एक जाति के सभी प्राणियों अथवा वस्तुओं का बोध हो उसे जातिवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे–हिरण, शेर, नदी, आदि।
B. जिस संज्ञा में किसी भाव, दशा, धर्म या गुण का बोध होता है, उसे भाववाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे–उत्साह, ईमानदारी, बचपन आदि।
द्रव्य वाचक संज्ञा–जिस संज्ञा से किसी तरल, ठोस, अधातु, धातु, पदार्थ, द्रव्य आदि वस्तु का बोध हो, उसे द्रव्यवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे–ताँबा, पीतल, सोना, लोहा आदि।
जातिवाचक संज्ञा–जिस शब्द से एक जाति के सभी प्राणियों अथवा वस्तुओं का बोध हो उसे जातिवाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे–हिरण, शेर, नदी, आदि।