Explanations:
प्रश्न में प्रस्तुत पंक्ति में लाटानुप्रास अलंकार है। जब किसी शब्द या वाक्यखण्ड की आवृत्ति हो परन्तु अर्थ एक ही रहे अर्थात् आवृत्ति से अर्थ में कोई परिवर्तन न हो, केवल अन्वय या तात्पर्य करने पर अर्थ बदले वहाँ पर लाटानुप्रास अलंकार होता है। छेकानुप्रास में स्वरूप और क्रम से अनेक व्यंजनों की आवृत्ति एक बार होती है जबकि वृत्यानुप्रास में एक व्यंजन की आवृत्ति एक या अनेक बार होती है।