Correct Answer:
Option B - मौलाना मुहम्मद जलालुउद्दीन रूमी तेरहवीं सदी के प्रसिद्ध सूफी शायर और फारसी सहित्य के महत्वपूर्ण लेखक थे। रूमी अफगानिस्तान के मूल निवासी थे, पर इनका अधिकांश जीवन मध्य तुर्की के सल्जुक दरबार में बीता। न्यायशास्त्र में इनकी विशेष रुचि थी। ‘दीवान-ए-शम्स’ इनकी एक उत्कृष्ट रचना है।
B. मौलाना मुहम्मद जलालुउद्दीन रूमी तेरहवीं सदी के प्रसिद्ध सूफी शायर और फारसी सहित्य के महत्वपूर्ण लेखक थे। रूमी अफगानिस्तान के मूल निवासी थे, पर इनका अधिकांश जीवन मध्य तुर्की के सल्जुक दरबार में बीता। न्यायशास्त्र में इनकी विशेष रुचि थी। ‘दीवान-ए-शम्स’ इनकी एक उत्कृष्ट रचना है।