Correct Answer:
Option B - निकास स्ट्रोक के बाद धनात्मक अतिव्यापित कोण व्रैंâक कोण की वह अवधि है जिसमें प्रवेश वाल्व और निकास वाल्व दोनों खुले रहते है। इस दौरान प्रवेश करने वाले चार्ज दग्ध गैसों को प्रवेश वाल्व से बाहर भी निकालते है।
B. निकास स्ट्रोक के बाद धनात्मक अतिव्यापित कोण व्रैंâक कोण की वह अवधि है जिसमें प्रवेश वाल्व और निकास वाल्व दोनों खुले रहते है। इस दौरान प्रवेश करने वाले चार्ज दग्ध गैसों को प्रवेश वाल्व से बाहर भी निकालते है।