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Q: In which district of Madhya Pradesh was the Jungle Satyagraha held first? जंगल सत्याग्रह सर्वप्रथम मध्य प्रदेश के किस जिले में हुआ था?
  • A. Rewa/रीवा
  • B. Khandwa/खण्डवा
  • C. Seoni/सिवनी
  • D. None of the above/उपरोक्त में से कोई नहीं
Correct Answer: Option C - गंजन सिंह कोरकू ने मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में जंगल सत्याग्रह का नेतृत्व किया। भारतीय कांग्रेस समिति द्वारा 9 अगस्त, 1930 को जंगल सत्याग्रह प्रस्तावित किया गया था। जंगल सत्याग्रह की शुरुआत मध्य प्रदेश में तूरिया (सिवनी) और घोरादोगी (बैतूल) से हुई। तुरिया में जंगल सत्याग्रह के दौरान विरोध करने पर चार लोगों की हत्या कर दी गई। मगनलाल ओसवाल की हत्या तब की गई जब वह इंदौर के सर्राफा बाजार में ब्रिटिश सेना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे। इसे इंदौर का सर्राफा काण्ड कहा गया।
C. गंजन सिंह कोरकू ने मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में जंगल सत्याग्रह का नेतृत्व किया। भारतीय कांग्रेस समिति द्वारा 9 अगस्त, 1930 को जंगल सत्याग्रह प्रस्तावित किया गया था। जंगल सत्याग्रह की शुरुआत मध्य प्रदेश में तूरिया (सिवनी) और घोरादोगी (बैतूल) से हुई। तुरिया में जंगल सत्याग्रह के दौरान विरोध करने पर चार लोगों की हत्या कर दी गई। मगनलाल ओसवाल की हत्या तब की गई जब वह इंदौर के सर्राफा बाजार में ब्रिटिश सेना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे। इसे इंदौर का सर्राफा काण्ड कहा गया।

Explanations:

गंजन सिंह कोरकू ने मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में जंगल सत्याग्रह का नेतृत्व किया। भारतीय कांग्रेस समिति द्वारा 9 अगस्त, 1930 को जंगल सत्याग्रह प्रस्तावित किया गया था। जंगल सत्याग्रह की शुरुआत मध्य प्रदेश में तूरिया (सिवनी) और घोरादोगी (बैतूल) से हुई। तुरिया में जंगल सत्याग्रह के दौरान विरोध करने पर चार लोगों की हत्या कर दी गई। मगनलाल ओसवाल की हत्या तब की गई जब वह इंदौर के सर्राफा बाजार में ब्रिटिश सेना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे। इसे इंदौर का सर्राफा काण्ड कहा गया।