Correct Answer:
Option B - इबोला वायरस बीमारी को इबोला हेमोरजिक फीवर (EHF) या केवल इबोला भी कहते हैं। इस वायरस की सर्वप्रथम 1976 में खोजा गया था। यह इबोला वायरस द्वारा मानवों और अन्य प्राइमेटों को होने वाला एक वायरल हेमोरजिक फीवर है। इस वायरस संबंधी बुखार के सम्पर्क में आने पर इसके लक्षण दो से तीन सप्ताह में दिखाई देने लगते हैं, जैसे गला खराब, माँसपेशियों और सिर में दर्द, उल्टियाँ, दस्त और लाल दाने होने लगते हैं, साथ ही यकृत और गुर्दे की क्रियाविधि कम हो जाती है।
B. इबोला वायरस बीमारी को इबोला हेमोरजिक फीवर (EHF) या केवल इबोला भी कहते हैं। इस वायरस की सर्वप्रथम 1976 में खोजा गया था। यह इबोला वायरस द्वारा मानवों और अन्य प्राइमेटों को होने वाला एक वायरल हेमोरजिक फीवर है। इस वायरस संबंधी बुखार के सम्पर्क में आने पर इसके लक्षण दो से तीन सप्ताह में दिखाई देने लगते हैं, जैसे गला खराब, माँसपेशियों और सिर में दर्द, उल्टियाँ, दस्त और लाल दाने होने लगते हैं, साथ ही यकृत और गुर्दे की क्रियाविधि कम हो जाती है।