Correct Answer:
Option B - किसान नेता मोतीलाल तेजावत मेवाड़ के भील आदिवासी आन्दोलन से सम्बन्धित थे। इन्हें ‘आदिवासियों का मसीहा’ के नाम से जाना जाता है। इन्होंने वर्ष 1921-22 में भीलों व किसानों को संगठित कर बेगार व अवैध लगान वसूली के विरूद्ध जोरदार आंदोलन (एकी/भोमट/मातृकुंडिया) चलाया।
B. किसान नेता मोतीलाल तेजावत मेवाड़ के भील आदिवासी आन्दोलन से सम्बन्धित थे। इन्हें ‘आदिवासियों का मसीहा’ के नाम से जाना जाता है। इन्होंने वर्ष 1921-22 में भीलों व किसानों को संगठित कर बेगार व अवैध लगान वसूली के विरूद्ध जोरदार आंदोलन (एकी/भोमट/मातृकुंडिया) चलाया।