Correct Answer:
Option D - महावीर स्वामी की मृत्यु के बाद सुधर्मन जैन संघ का प्रथम अध्यक्ष बना, सुधर्मन के बाद जम्बू, सम्भूति विजय तथा भद्रबाहु संघ के अध्यक्ष बने। सम्भूति विजय की मृत्यु के पश्चात् स्थूलभद्र संघ के अध्यक्ष बने। इसी समय मगध में 12 वर्षों का भीषण अकाल पड़ा। इस समय भद्रबाहु जो तत्कालीन अध्यक्ष थे अपने अनुयायियों के साथ दक्षिण भारत चले गये। स्थूलभद्र मगध में ही रूक गये और श्वेत वस्त्र धारण करना प्रारम्भ कर दिया इसलिए श्वेताम्बर कहलाये तथा भद्रबाहु जो दक्षिण भारत चले गये थे उनके अनुयायी दिगम्बर कहलाये।
D. महावीर स्वामी की मृत्यु के बाद सुधर्मन जैन संघ का प्रथम अध्यक्ष बना, सुधर्मन के बाद जम्बू, सम्भूति विजय तथा भद्रबाहु संघ के अध्यक्ष बने। सम्भूति विजय की मृत्यु के पश्चात् स्थूलभद्र संघ के अध्यक्ष बने। इसी समय मगध में 12 वर्षों का भीषण अकाल पड़ा। इस समय भद्रबाहु जो तत्कालीन अध्यक्ष थे अपने अनुयायियों के साथ दक्षिण भारत चले गये। स्थूलभद्र मगध में ही रूक गये और श्वेत वस्त्र धारण करना प्रारम्भ कर दिया इसलिए श्वेताम्बर कहलाये तथा भद्रबाहु जो दक्षिण भारत चले गये थे उनके अनुयायी दिगम्बर कहलाये।