Correct Answer:
Option A - बायोगैस को एक उत्कृष्ट ईंधन माना जाता है जिसका दहन धूम्र-रहित होता है। बायोगैस का मुख्य घटक मीथेन है। यह गैस जीवों के उत्सर्जित पदार्थों (मुख्यत: मवेशियों के गोबर) से प्राप्त की जाती है। गोबर, फसलों के कटने के पश्चात बचे अपशिष्ट, सब्जियों के अपशिष्ट जैसे विविध पादप तथा वाहित मल जब ऑक्सीजन की अनुपस्थिति में अपघटित होते हैं तो बायोगैस (जैव गैस) निकलती है। चूँकि इस गैस को बनाने में उपयोग होने वाला आरंभिक पदार्थ मुख्यत: गोबर है, इसलिए इसका प्रचलित नाम गोबर गैस है। जैव गैस एक उत्तम ईंधन है, क्योंकि इसमें 75 प्रतिशत तक मीथेन गैस होती है। इसकी ताप क्षमता उच्च होती है।
A. बायोगैस को एक उत्कृष्ट ईंधन माना जाता है जिसका दहन धूम्र-रहित होता है। बायोगैस का मुख्य घटक मीथेन है। यह गैस जीवों के उत्सर्जित पदार्थों (मुख्यत: मवेशियों के गोबर) से प्राप्त की जाती है। गोबर, फसलों के कटने के पश्चात बचे अपशिष्ट, सब्जियों के अपशिष्ट जैसे विविध पादप तथा वाहित मल जब ऑक्सीजन की अनुपस्थिति में अपघटित होते हैं तो बायोगैस (जैव गैस) निकलती है। चूँकि इस गैस को बनाने में उपयोग होने वाला आरंभिक पदार्थ मुख्यत: गोबर है, इसलिए इसका प्रचलित नाम गोबर गैस है। जैव गैस एक उत्तम ईंधन है, क्योंकि इसमें 75 प्रतिशत तक मीथेन गैस होती है। इसकी ताप क्षमता उच्च होती है।