Correct Answer:
Option C - महादेवी वर्मा को ‘आधुनिक मीरा’ कहा जाता है। महादेवी वर्मा छायावाद के चार स्तम्भों (जयशंकर प्रसाद, सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला, सुमित्रानन्दन पंत तथा महादेवी वर्मा) में से एक तथा छायावाद के लघुत्रयी (महादेवी वर्मा, रामकुमार वर्मा तथा भगवती चरण वर्मा) में से भी एक है। महादेवी वर्मा को ‘हिन्दी के विशाल मंदिर की वीणा पाणि’ भी कहा जाता है। इनकी प्रमुख कृतियाँ हैं- नीहार, रश्मि, नीरजा, सांध्यगीत, यामा, दीपशिखा, सप्तपर्णा (ऋग्वेद के मंत्रों का हिन्दी काव्यानुवाद)। सुभद्रा कुमारी चौहान वीर रस की कवयित्री है। मन्नू भण्डारी का वास्तविक नाम ‘महेन्द्र कुमारी’ था।
C. महादेवी वर्मा को ‘आधुनिक मीरा’ कहा जाता है। महादेवी वर्मा छायावाद के चार स्तम्भों (जयशंकर प्रसाद, सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला, सुमित्रानन्दन पंत तथा महादेवी वर्मा) में से एक तथा छायावाद के लघुत्रयी (महादेवी वर्मा, रामकुमार वर्मा तथा भगवती चरण वर्मा) में से भी एक है। महादेवी वर्मा को ‘हिन्दी के विशाल मंदिर की वीणा पाणि’ भी कहा जाता है। इनकी प्रमुख कृतियाँ हैं- नीहार, रश्मि, नीरजा, सांध्यगीत, यामा, दीपशिखा, सप्तपर्णा (ऋग्वेद के मंत्रों का हिन्दी काव्यानुवाद)। सुभद्रा कुमारी चौहान वीर रस की कवयित्री है। मन्नू भण्डारी का वास्तविक नाम ‘महेन्द्र कुमारी’ था।