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Q: ‘आरभटीवृत्ति:’ कस्मिन् रसे भवति?
  • A. वीरे
  • B. शृंङ्गारे
  • C. रौद्र वीभत्से च
  • D. अद्भुते
Correct Answer: Option C - आरभटीवृति रौद्र और वीभत्स रसों में प्रयुक्त होती है। इस सम्बन्ध में एक पद्य दृष्टव्य है– शृङ्गारे कौशिकी वीरे सात्त्वती आरभटी पुन:। रसे रौद्रे च वीभत्से वृत्ति: सर्वत्र भारती ।।
C. आरभटीवृति रौद्र और वीभत्स रसों में प्रयुक्त होती है। इस सम्बन्ध में एक पद्य दृष्टव्य है– शृङ्गारे कौशिकी वीरे सात्त्वती आरभटी पुन:। रसे रौद्रे च वीभत्से वृत्ति: सर्वत्र भारती ।।

Explanations:

आरभटीवृति रौद्र और वीभत्स रसों में प्रयुक्त होती है। इस सम्बन्ध में एक पद्य दृष्टव्य है– शृङ्गारे कौशिकी वीरे सात्त्वती आरभटी पुन:। रसे रौद्रे च वीभत्से वृत्ति: सर्वत्र भारती ।।