Correct Answer:
Option B - 2020-21 के बजट के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए राजकोषीय घाटे का लक्ष्य जीडीपी का 3.5% रखा गया था। सरकार द्वारा राजकोषीय घाटे को एक वित्तीय वर्ष के दौरान भारत की समेकित निधि में कुल प्राप्तियों (ऋण प्राप्तियों को छोड़कर) की तुलना में कुल अदायगी (ऋण पुनर्भुगतान को छोड़कर) की अधिकता के रूप में वर्णित किया गया है। 2021-22 के बजट के अनुसार वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए राजकोषीय घाटा अनुमान 6.8 प्रतिशत रखा गया है।
B. 2020-21 के बजट के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए राजकोषीय घाटे का लक्ष्य जीडीपी का 3.5% रखा गया था। सरकार द्वारा राजकोषीय घाटे को एक वित्तीय वर्ष के दौरान भारत की समेकित निधि में कुल प्राप्तियों (ऋण प्राप्तियों को छोड़कर) की तुलना में कुल अदायगी (ऋण पुनर्भुगतान को छोड़कर) की अधिकता के रूप में वर्णित किया गया है। 2021-22 के बजट के अनुसार वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए राजकोषीय घाटा अनुमान 6.8 प्रतिशत रखा गया है।