Correct Answer:
Option C - क्लच का कार्य इंजन से गियर बॉक्स का संबंध तोड़ना व जोड़ना है। क्लच घर्षण के सिद्धान्त पर कार्य करता है। क्लच वह युक्ति (Device) है जिसका प्रयोग ट्रान्समिशन सिस्टम में इंजन को ट्रांसमिशन सिस्टम से एंगेज तथा डिसएंगेज (Engage and disengage) करने में होता है। अत: इंजन तथा ट्रान्समिशन के बीच में क्लच होता है। जब क्लच एंगेज होता है तब इंजन से पॉवर पिछले पहियों तक ट्रान्समिशन सिस्टम में होकर प्रवाहित होती है, और जब क्लच डिसएंगेज होता हे तब इंजन से पॉवर पिछले पहियों तक प्रवाहित नहीं होती। इंजन चलते हुए भी गाड़ी नहीं चलती। इंजन स्टार्ट करते समय, गियर बदलते समय, गाड़ी रोकते समय तथा इंजन को आइडलिंग (Idling) पर चलाते समय क्लच को डिसएंगेज किया जाता है। गाड़ी चलाते समय क्लच को एंगेज रखा जाता है। क्लच के मुख्यत: निम्नलिखित भाग होते है।
1. ड्राइविंग मेम्बर
2. ड्रिविंग मेम्बर
3. ऑपरेटिंग सिस्टम
C. क्लच का कार्य इंजन से गियर बॉक्स का संबंध तोड़ना व जोड़ना है। क्लच घर्षण के सिद्धान्त पर कार्य करता है। क्लच वह युक्ति (Device) है जिसका प्रयोग ट्रान्समिशन सिस्टम में इंजन को ट्रांसमिशन सिस्टम से एंगेज तथा डिसएंगेज (Engage and disengage) करने में होता है। अत: इंजन तथा ट्रान्समिशन के बीच में क्लच होता है। जब क्लच एंगेज होता है तब इंजन से पॉवर पिछले पहियों तक ट्रान्समिशन सिस्टम में होकर प्रवाहित होती है, और जब क्लच डिसएंगेज होता हे तब इंजन से पॉवर पिछले पहियों तक प्रवाहित नहीं होती। इंजन चलते हुए भी गाड़ी नहीं चलती। इंजन स्टार्ट करते समय, गियर बदलते समय, गाड़ी रोकते समय तथा इंजन को आइडलिंग (Idling) पर चलाते समय क्लच को डिसएंगेज किया जाता है। गाड़ी चलाते समय क्लच को एंगेज रखा जाता है। क्लच के मुख्यत: निम्नलिखित भाग होते है।
1. ड्राइविंग मेम्बर
2. ड्रिविंग मेम्बर
3. ऑपरेटिंग सिस्टम