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Q: .
  • A. सखी + आगमन
  • B. सखि + आगमन
  • C. सखी + गमन
  • D. सख्या + गमन
Correct Answer: Option A - ‘सख्यागमन’ का सही संधि-विच्छेद ‘सखी + आगमन है। इसमें ‘यण स्वर संधि’ है। इसके नियमानुसार यदि इ, ई, उ, ऊ और ऋ के बाद भिन्न स्वर आये तो ‘इ’ और ‘ई’ का ‘य्’, ‘उ’ और ‘ऊ’ का व् तथा ‘ऋ’ का ‘र्’ हो जाता है। जैसे– यदि + अपि = यद्यपि प्रति + एक = प्रत्येक प्रभु + एषणा = प्रभ्वेषणा
A. ‘सख्यागमन’ का सही संधि-विच्छेद ‘सखी + आगमन है। इसमें ‘यण स्वर संधि’ है। इसके नियमानुसार यदि इ, ई, उ, ऊ और ऋ के बाद भिन्न स्वर आये तो ‘इ’ और ‘ई’ का ‘य्’, ‘उ’ और ‘ऊ’ का व् तथा ‘ऋ’ का ‘र्’ हो जाता है। जैसे– यदि + अपि = यद्यपि प्रति + एक = प्रत्येक प्रभु + एषणा = प्रभ्वेषणा

Explanations:

‘सख्यागमन’ का सही संधि-विच्छेद ‘सखी + आगमन है। इसमें ‘यण स्वर संधि’ है। इसके नियमानुसार यदि इ, ई, उ, ऊ और ऋ के बाद भिन्न स्वर आये तो ‘इ’ और ‘ई’ का ‘य्’, ‘उ’ और ‘ऊ’ का व् तथा ‘ऋ’ का ‘र्’ हो जाता है। जैसे– यदि + अपि = यद्यपि प्रति + एक = प्रत्येक प्रभु + एषणा = प्रभ्वेषणा