Correct Answer:
Option C - मुद्राराक्षस चौथी शताब्दी पूर्व में रचित संस्कृत का ऐतिहासिक नाटक है। इसके रचयिता विशाखदत्त हैं। इसमें चाणक्य और चन्द्रगुप्त की राजनीतिक सफलताओं का विश्लेषण है। इस ऐतिहासिक नाटक को हिन्दी में रूपान्तरित करने का श्रेय भारतेन्दु हरिश्चन्द्र को प्राप्त है।
C. मुद्राराक्षस चौथी शताब्दी पूर्व में रचित संस्कृत का ऐतिहासिक नाटक है। इसके रचयिता विशाखदत्त हैं। इसमें चाणक्य और चन्द्रगुप्त की राजनीतिक सफलताओं का विश्लेषण है। इस ऐतिहासिक नाटक को हिन्दी में रूपान्तरित करने का श्रेय भारतेन्दु हरिश्चन्द्र को प्राप्त है।