search
Q: .
  • A. दानवीर
  • B. धर्मवीर
  • C. युद्धवीर
  • D. दयावीर
Correct Answer: Option C - पंचनि के देखत प्रपंच करि दूर सबै, पंचन को स्वत्व पंचतत्व में मिलै हौ मैं, हरि-पन-हारी जस धारिकै धरौ हौं सांत, सांतनु को सुभट सुपूत कहिवैहौं मैं।। उपर्युक्त पंक्ति में वीर-रस के युद्धवीर भेद का उल्लेख है। वीर रस के चार प्रमुख भेद हैं- युद्धवीर, दानवीर, दयावीर तथा धर्मवीर।
C. पंचनि के देखत प्रपंच करि दूर सबै, पंचन को स्वत्व पंचतत्व में मिलै हौ मैं, हरि-पन-हारी जस धारिकै धरौ हौं सांत, सांतनु को सुभट सुपूत कहिवैहौं मैं।। उपर्युक्त पंक्ति में वीर-रस के युद्धवीर भेद का उल्लेख है। वीर रस के चार प्रमुख भेद हैं- युद्धवीर, दानवीर, दयावीर तथा धर्मवीर।

Explanations:

पंचनि के देखत प्रपंच करि दूर सबै, पंचन को स्वत्व पंचतत्व में मिलै हौ मैं, हरि-पन-हारी जस धारिकै धरौ हौं सांत, सांतनु को सुभट सुपूत कहिवैहौं मैं।। उपर्युक्त पंक्ति में वीर-रस के युद्धवीर भेद का उल्लेख है। वीर रस के चार प्रमुख भेद हैं- युद्धवीर, दानवीर, दयावीर तथा धर्मवीर।