Correct Answer:
Option A - रिशार्पनिंग करने के लिए टैप को फ्लूट्स पर ग्राइंड करते हैं।
टैप द्वारा आंतरिक चूडि़याँ काटी जाती है, इसके फ्लूट्स पर ऐज बने होते है जो क्रिया के दौरान घिसते जाते हैं, तथा एक समय के बाद यह ऐज पूरी तरह से घिस जाता है तथा टूल ब्लंट हो जाता है। अत: इस ऐज को पुन: बनाने हेतु इसके फ्ल्यूट को ग्राइंड किया जाता है। इस प्रक्रिया को रिशार्पनिंग कहते है।
A. रिशार्पनिंग करने के लिए टैप को फ्लूट्स पर ग्राइंड करते हैं।
टैप द्वारा आंतरिक चूडि़याँ काटी जाती है, इसके फ्लूट्स पर ऐज बने होते है जो क्रिया के दौरान घिसते जाते हैं, तथा एक समय के बाद यह ऐज पूरी तरह से घिस जाता है तथा टूल ब्लंट हो जाता है। अत: इस ऐज को पुन: बनाने हेतु इसके फ्ल्यूट को ग्राइंड किया जाता है। इस प्रक्रिया को रिशार्पनिंग कहते है।