Correct Answer:
Option A - दादाभाई नौरोजी ब्रिटिशकालीन भारत के एक पारसी बुद्धिजीवी, राजनैतिक एवं सामाजिक नेता थे। उन्हें भारत का वयोवृद्ध पुरुष’ कहा जाता है। उन्होंने 1866 में भारत के सन्दर्भ में चर्चा करने और भारतीय कल्याण को बढ़ावा देने के लिए ब्रिटिश सार्वजनिक अधिकारियों को प्रभावित करने के लिए लंदन में ईस्ट इंडिया एसोसिएशन का गठन किया था। वह 1892 से 1895 तक यूनाइटेड किंगडम के हॉउस ऑफ कॉमन्स के सदस्य भी थे।
A. दादाभाई नौरोजी ब्रिटिशकालीन भारत के एक पारसी बुद्धिजीवी, राजनैतिक एवं सामाजिक नेता थे। उन्हें भारत का वयोवृद्ध पुरुष’ कहा जाता है। उन्होंने 1866 में भारत के सन्दर्भ में चर्चा करने और भारतीय कल्याण को बढ़ावा देने के लिए ब्रिटिश सार्वजनिक अधिकारियों को प्रभावित करने के लिए लंदन में ईस्ट इंडिया एसोसिएशन का गठन किया था। वह 1892 से 1895 तक यूनाइटेड किंगडम के हॉउस ऑफ कॉमन्स के सदस्य भी थे।