Correct Answer:
Option B - कॉसमॉस प्रसिद्ध जर्मन भूगोलवेत्ता अलेक्जेण्डर वॉन हम्बोल्ट की सर्वाधिक महत्वपूर्ण पुस्तक है जिसका प्रकाशन सन् 1845 ई. से सन् 1862 ई. के मध्य पाँच खण्डों में की गयी। इसमें समस्त विश्व का विस्तृत विवरण है। इसके प्रथम खण्ड में ब्रह्माण्ड के स्वरूप का वर्णन, दूसरे खण्ड में प्रकृति चित्रण, तीसरे खण्ड में खगोल विज्ञान, चौथे एवं पाँचवें खण्ड में पृथ्वी का मानव गृह के रूप में वर्णन है।
पुस्तक भूगोलवेत्ता
कॉसमॉस - हम्बोल्ट
अर्डकुण्डे - रिटर
एन्थ्रोपोज्योग्राफी - रेटजेल
सिविलाइजेशन एवं क्लाइमेट – हंटिंगटन
B. कॉसमॉस प्रसिद्ध जर्मन भूगोलवेत्ता अलेक्जेण्डर वॉन हम्बोल्ट की सर्वाधिक महत्वपूर्ण पुस्तक है जिसका प्रकाशन सन् 1845 ई. से सन् 1862 ई. के मध्य पाँच खण्डों में की गयी। इसमें समस्त विश्व का विस्तृत विवरण है। इसके प्रथम खण्ड में ब्रह्माण्ड के स्वरूप का वर्णन, दूसरे खण्ड में प्रकृति चित्रण, तीसरे खण्ड में खगोल विज्ञान, चौथे एवं पाँचवें खण्ड में पृथ्वी का मानव गृह के रूप में वर्णन है।
पुस्तक भूगोलवेत्ता
कॉसमॉस - हम्बोल्ट
अर्डकुण्डे - रिटर
एन्थ्रोपोज्योग्राफी - रेटजेल
सिविलाइजेशन एवं क्लाइमेट – हंटिंगटन