Correct Answer:
Option C - सहायक अधिगम एक ऐसा शैक्षणिक दृष्टिकोण है जिसमें कक्षा की अधिगम गतिविधियों को शैक्षिक एवं सामाजिक अनुभवों के रूप में संगठित करने का प्रयास किया जाता है। इसमें बच्चों को अलग-अलग समूहों में बाँटकर कार्य आवंटन किया जाता है। इससे वे एक-दूसरे की मदद से मानसिक/संज्ञानात्मक क्रियाएँ जैसे कि तर्क , सूझबूझ समालोचना आदि का विकास करने में सफल होते हैं। इसमें बच्चे स्कैफ़ोल्डिंग (मचान) के द्वारा अन्य कार्यों को स्वयं करने में सक्षम हो जाते है। जिन्हें वे पहले बिना मदद के नहीं कर पाते थे। कक्षा में सहायक अधिगम के सफल संयोजन के लिए पाँच निम्नलिखित अवयवों की आवश्यकता होती है–
1. सकारात्मक पारस्परिक निर्भरता
2. व्यक्तिगत एवं सामूहिक उत्तरदायित्व
3. आमने-सामने या प्रोत्साहक बातचीत
4. पारस्परिक कौशल
5. समूह प्रसंस्करण।
अत: केवल I सही है।
C. सहायक अधिगम एक ऐसा शैक्षणिक दृष्टिकोण है जिसमें कक्षा की अधिगम गतिविधियों को शैक्षिक एवं सामाजिक अनुभवों के रूप में संगठित करने का प्रयास किया जाता है। इसमें बच्चों को अलग-अलग समूहों में बाँटकर कार्य आवंटन किया जाता है। इससे वे एक-दूसरे की मदद से मानसिक/संज्ञानात्मक क्रियाएँ जैसे कि तर्क , सूझबूझ समालोचना आदि का विकास करने में सफल होते हैं। इसमें बच्चे स्कैफ़ोल्डिंग (मचान) के द्वारा अन्य कार्यों को स्वयं करने में सक्षम हो जाते है। जिन्हें वे पहले बिना मदद के नहीं कर पाते थे। कक्षा में सहायक अधिगम के सफल संयोजन के लिए पाँच निम्नलिखित अवयवों की आवश्यकता होती है–
1. सकारात्मक पारस्परिक निर्भरता
2. व्यक्तिगत एवं सामूहिक उत्तरदायित्व
3. आमने-सामने या प्रोत्साहक बातचीत
4. पारस्परिक कौशल
5. समूह प्रसंस्करण।
अत: केवल I सही है।