Correct Answer:
Option A - शिक्षा मनुष्य के भीतर अच्छे चरित्र का विकास करती है। चरित्र का अर्थ है आंतरिक दृढ़ता और एकता। चरित्रवान व्यक्ति अपने जीवन में जो भी कार्य करता है वह उसके आर्दशों से तथा सिद्धान्तों के अनुसार होता है। शिक्षा का उद्देश्य यह होना चाहिए कि मानव की प्रवृत्तियों का परिमार्जन हो। तेज सोच, अवलोकन एवं अनुभव की अभिव्यक्ति भी शिक्षा के प्रमुख उद्देश्य के अन्तर्गत शामिल हैं। अत: विकल्प (A) I, II तथा III अभीष्ट उत्तर है।
A. शिक्षा मनुष्य के भीतर अच्छे चरित्र का विकास करती है। चरित्र का अर्थ है आंतरिक दृढ़ता और एकता। चरित्रवान व्यक्ति अपने जीवन में जो भी कार्य करता है वह उसके आर्दशों से तथा सिद्धान्तों के अनुसार होता है। शिक्षा का उद्देश्य यह होना चाहिए कि मानव की प्रवृत्तियों का परिमार्जन हो। तेज सोच, अवलोकन एवं अनुभव की अभिव्यक्ति भी शिक्षा के प्रमुख उद्देश्य के अन्तर्गत शामिल हैं। अत: विकल्प (A) I, II तथा III अभीष्ट उत्तर है।