Explanations:
राजकोषीय नीति के उपकरण निम्नवत् हैं– 1. करारोपण 2. सार्वजनिक व्यय 3. सार्वजनिक ऋण 4. बजट नीति अन्य महत्वपूर्ण बिन्दु: • मंदी के दौरान घाटे का बजट बनाया जाता है। • स्फीति के दौरान आधिक्य बजट नीति अपनायी जाती है। • क्षतिपूरक राजकोषीय नीति के तहत मुद्रा स्फीति एवं मुद्रा संकुचन की दशाओं को उत्पन्न किये बिना ही अर्थव्यवस्था को पूर्ण रोजगार के स्तर पर कायम रखा जाता है। • समुद्दीपन व्यय (Pump-Priming spending) से तात्पर्य सरकारी व्यय में थोड़ी-थोड़ी वृद्धि करके लोगों के हाथों में नई क्रय-शक्ति उपलब्ध कराकर निजी या गैर-सरकारी निवेश की मात्रा को बढ़ाना होता है।